प्रश्न 1. सांची का प्रसिद्ध स्तूप किस धार्मिक परंपरा से जुड़ा है?
(a) वैदिक
(b) जैन
(c) बौद्ध
(d) इस्लामी
उत्तर – (c)
प्रश्न 2. उन्नीसवीं शताब्दी में सांची के स्मारकों में विशेष रुचि किस वर्ग ने दिखाई?
(a) स्थानीय किसान
(b) यूरोपीय विद्वान
(c) चीनी यात्री
(d) अफ्रीकी व्यापारी
उत्तर – (b)
प्रश्न 3. सांची स्तूप के किस भाग को फ्रांस ले जाने का प्रस्ताव था?
(a) वेदिका
(b) तोरण
(c) अंड
(d) हरमिका
उत्तर – (b)
प्रश्न 4. सांची स्तूप की एक प्रतिकृति बनवाने का श्रेय किसे जाता है?
(a) लॉर्ड कर्ज़न
(b) अंग्रेज सरकार
(c) फ्रांसीसी दल
(d) शाहजहाँ बेगम
उत्तर – (d)
प्रश्न 5. सांची स्तूप भारत के किस राज्य में स्थित है?
(a) उत्तर प्रदेश
(b) मध्य प्रदेश
(c) बिहार
(d) झारखंड
उत्तर – (b)
प्रश्न 6. सांची स्तूप के संरक्षण में आर्थिक सहयोग किस शासिका ने दिया?
(a) रानी लक्ष्मीबाई
(b) शाहजहाँ बेगम
(c) रजिया सुल्तान
(d) अहिल्याबाई
उत्तर – (b)
प्रश्न 7. सांची के ऐतिहासिक महत्व को पहचानकर उस पर अध्ययन किसने किया?
(a) जेम्स प्रिंसेप
(b) जॉन मार्शल
(c) कॉलिन मैकेंजी
(d) कनिंघम
उत्तर – (b)
प्रश्न 8. सांची के तोरणद्वार किस शहर के समीप स्थित हैं?
(a) उज्जैन
(b) इंदौर
(c) भोपाल
(d) विदिशा
उत्तर – (c)
प्रश्न 9. वैदिक काल में बड़े यज्ञ प्रायः कौन करवाते थे?
(a) किसान
(b) साधु
(c) राजा और सामंत
(d) विद्यार्थी
उत्तर – (c)
प्रश्न 10. अश्वमेध यज्ञ का संबंध किससे था?
(a) कृषि
(b) शिक्षा
(c) राजसत्ता
(d) व्यापार
उत्तर – (c)
प्रश्न 11. ऋग्वेद में प्रमुख रूप से किन देवताओं की स्तुति मिलती है?
(a) विष्णु–शिव
(b) अग्नि–सोम
(c) ब्रह्मा–सरस्वती
(d) गणेश–लक्ष्मी
उत्तर – (b)
प्रश्न 12. महावीर और बुद्ध किस प्रकार के उपदेशक माने जाते हैं?
(a) कर्मकांडी
(b) तर्कशील
(c) राजसी
(d) सैनिक
उत्तर – (b)
प्रश्न 13. भगवान महावीर जैन धर्म के कौन से तीर्थंकर थे?
(a) 22वें
(b) 23वें
(c) 24वें
(d) 25वें
उत्तर – (c)
प्रश्न 14. जैन परंपरा में कुल कितने तीर्थंकर माने गए हैं?
(a) 18
(b) 20
(c) 22
(d) 24
उत्तर – (d)
प्रश्न 15. जैन धर्म का कौन सा सिद्धांत भारतीय दर्शन पर गहरा प्रभाव डालता है?
(a) दान
(b) सत्य
(c) अहिंसा
(d) कर्म
उत्तर – (c)
प्रश्न 16. गौतम बुद्ध का जन्म किस स्थान पर हुआ था?
(a) कपिलवस्तु
(b) कुशीनगर
(c) लुम्बिनी
(d) बोधगया
उत्तर – (c)
प्रश्न 17. बुद्ध को ज्ञान की प्राप्ति कहाँ हुई थी?
(a) सारनाथ
(b) बोधगया
(c) श्रावस्ती
(d) राजगृह
उत्तर – (b)
प्रश्न 18. ज्ञान प्राप्ति की अवस्था को बुद्ध ने क्या कहा?
(a) समाधि
(b) निर्वाण
(c) मोक्ष
(d) तप
उत्तर – (b)
प्रश्न 19. बौद्ध धर्म का प्रमुख ग्रंथ कौन सा है?
(a) वेद
(b) उपनिषद
(c) त्रिपिटक
(d) पुराण
उत्तर – (c)
प्रश्न 20. बुद्ध ने अपना पहला उपदेश कहाँ दिया?
(a) लुम्बिनी
(b) कुशीनगर
(c) सारनाथ
(d) पाटलिपुत्र
उत्तर – (c)
प्रश्न 21. बुद्ध के अनुयायी किस नाम से जाने जाते थे?
(a) योगी
(b) भिक्षु
(c) पुजारी
(d) सन्यासी
उत्तर – (b)
प्रश्न 22. महिलाओं को बौद्ध संघ में प्रवेश किसके आग्रह पर मिला?
(a) अशोक
(b) आनंद
(c) यशोधरा
(d) महावीर
उत्तर – (b)
प्रश्न 23. बुद्ध की सौतेली माता का नाम क्या था?
(a) महामाया
(b) प्रजापति गौतमी
(c) यशोधरा
(d) आम्रपाली
उत्तर – (b)
प्रश्न 24. त्रिरत्न में बुद्ध से संबंधित रत्न कौन सा है?
(a) धम्म
(b) संघ
(c) बुद्ध
(d) शरण
उत्तर – (c)
प्रश्न 25. बौद्ध धर्म की मुख्य शिक्षाओं में क्या शामिल है?
(a) पंचयज्ञ
(b) अष्टांगिक मार्ग
(c) षड्दर्शन
(d) व्रत
उत्तर – (b)
प्रश्न 26. उन्नीसवीं सदी में किस स्तूप का विशेष संरक्षण हुआ?
(a) भरहुत
(b) अमरावती
(c) सांची
(d) नालंदा
उत्तर – (c)
प्रश्न 27. सांची स्तूप की खोज किस वर्ष मानी जाती है?
(a) 1790
(b) 1818
(c) 1845
(d) 1860
उत्तर – (b)
प्रश्न 28. स्तूप की संरचना सामान्यतः किस आकार की होती है?
(a) वर्गाकार
(b) त्रिकोणीय
(c) अर्धगोलाकार
(d) आयताकार
उत्तर – (c)
प्रश्न 29. स्तूप का शिखर किसका प्रतीक माना जाता था?
(a) ईश्वर का निवास
(b) राजमहल
(c) पर्वत
(d) स्वर्गद्वार
उत्तर – (a)
प्रश्न 30. अमरावती स्तूप की खोज किस अंग्रेज अधिकारी ने की?
(a) जॉन मार्शल
(b) कॉलिन मैकेंजी
(c) कनिंघम
(d) एलियट
उत्तर – (b)
प्रश्न 31. सांची के तोरणद्वार किसके प्रयास से विदेश जाने से बचे?
(a) केवल अंग्रेज
(b) केवल फ्रांसीसी
(c) भारतीय
(d) अंग्रेज और फ्रांसीसी दोनों
उत्तर – (d)
प्रश्न 32. अशोक ने स्तूपों का निर्माण किस पर करवाया?
(a) युद्ध स्मारकों पर
(b) बौद्ध अवशेषों पर
(c) राजमहलों के पास
(d) नदियों के किनारे
उत्तर – (b)
प्रश्न 33. स्तूपों की नक्काशी में कौन सी कथा प्रमुख है?
(a) रामायण
(b) महाभारत
(c) जातक कथाएँ
(d) पुराण
उत्तर – (c)
प्रश्न 34. प्रारंभिक बौद्ध कला में बुद्ध को किस रूप में नहीं दर्शाया गया?
(a) प्रतीकात्मक
(b) मानव रूप
(c) चिह्न रूप
(d) वृक्ष रूप
उत्तर – (b)
प्रश्न 35. सांची की मूर्तिकला में किसका विशेष महत्व है?
(a) राजाओं का
(b) स्त्रियों का
(c) योद्धाओं का
(d) ऋषियों का
उत्तर – (b)
प्रश्न 36. ‘शालभंजिका’ मूर्ति किसकी प्रतीक है?
(a) युद्ध
(b) सौभाग्य
(c) ज्ञान
(d) शक्ति
उत्तर – (b)
प्रश्न 37. स्तूपों पर पशु आकृतियाँ किसका प्रतीक मानी जाती थीं?
(a) सजावट
(b) देवता
(c) मानवीय गुण
(d) भय
उत्तर – (c)
प्रश्न 38. बौद्ध कला में हाथी किसका प्रतीक है?
(a) धन
(b) शक्ति और ज्ञान
(c) युद्ध
(d) तप
उत्तर – (b)
प्रश्न 39. बौद्ध धर्म के तीन रत्न कौन से हैं?
(a) सत्य–अहिंसा–करुणा
(b) बुद्ध–धम्म–संघ
(c) ध्यान–तप–दान
(d) ज्ञान–कर्म–भक्ति
उत्तर – (b)
प्रश्न 40. अमरावती स्तूप के पत्थर को किस नाम से जाना जाता है?
(a) मैकेंजी शिला
(b) एलियट संगमरमर
(c) सारनाथ पत्थर
(d) अशोक शिला
उत्तर – (b)
प्रश्न 41. महायान बौद्ध किस रूप में बुद्ध की उपासना करते हैं?
(a) साधारण मानव
(b) अवतार
(c) राजा
(d) योगी
उत्तर – (b)
प्रश्न 42. महायान शाखा की प्रमुख विशेषता क्या है?
(a) मूर्तिपूजा
(b) युद्ध समर्थन
(c) तपस्या विरोध
(d) यज्ञ
उत्तर – (a)
प्रश्न 43. वैष्णव धर्म में किस देवता के अवतारों की पूजा होती है?
(a) शिव
(b) ब्रह्मा
(c) विष्णु
(d) इंद्र
उत्तर – (c)
प्रश्न 44. शिव को सामान्यतः किस रूप में पूजा जाता है?
(a) मानव
(b) लिंग
(c) पशु
(d) बालक
उत्तर – (b)
प्रश्न 45. प्रारंभिक मंदिरों का मुख्य कक्ष क्या कहलाता था?
(a) मंडप
(b) गर्भगृह
(c) वेदिका
(d) तोरण
उत्तर – (b)
प्रश्न 46. आरंभिक मंदिर किस आकार में बनाए जाते थे?
(a) आयताकार
(b) गोल
(c) चौकोर
(d) त्रिकोण
उत्तर – (c)
प्रश्न 47. कैलाशनाथ मंदिर का निर्माण किस शताब्दी में हुआ?
(a) 6वीं
(b) 7वीं
(c) 8वीं
(d) 9वीं
उत्तर – (c)
प्रश्न 48. अंग्रेज विद्वानों ने भारतीय मूर्तिकला की तुलना किससे की?
(a) मिस्र
(b) यूनान
(c) चीन
(d) रोम
उत्तर – (b)
प्रश्न 49. बौद्ध त्रिरत्न में कौन शामिल नहीं है?
(a) बुद्ध
(b) धम्म
(c) संघ
(d) वेद
उत्तर – (d)
प्रश्न 50. महायान दर्शन किन विचारधाराओं में विभाजित हुआ?
(a) ज्ञान और कर्म
(b) शून्यवाद और वज्रयान
(c) भक्ति और योग
(d) सत्य और अहिंसा
उत्तर – (b)
विचारक, विश्वास और इमारतें — महत्वपूर्ण सब्जेक्टिव प्रश्नोत्तर
(कक्षा 12 इतिहास | बोर्ड परीक्षा हेतु)
प्रश्न 1. साँची स्तूप का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
साँची स्तूप भारत के सबसे प्रसिद्ध बौद्ध स्मारकों में से एक है। यह मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में स्थित है। इसका निर्माण सम्राट अशोक ने तीसरी शताब्दी ईसा पूर्व में कराया था।
साँची स्तूप बौद्ध धर्म का महत्वपूर्ण केंद्र था। इसमें भगवान बुद्ध के अवशेष रखे गए थे। स्तूप का आकार अर्द्धगोलाकार है। इसके चारों ओर सुंदर तोरण द्वार बनाए गए हैं जिन पर बुद्ध के जीवन की घटनाओं को चित्रित किया गया है।
साँची स्तूप बौद्ध कला और स्थापत्य का उत्कृष्ट उदाहरण है। यहाँ की मूर्तिकला अत्यंत आकर्षक है। यह स्थान बौद्ध धर्म के प्रचार-प्रसार का प्रमुख केंद्र था।
आज साँची स्तूप भारत की सांस्कृतिक धरोहर है तथा यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल के रूप में प्रसिद्ध है।
प्रश्न 2. बौद्ध धर्म की प्रमुख शिक्षाओं का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
बौद्ध धर्म के संस्थापक गौतम बुद्ध थे। उन्होंने मानव जीवन के दुखों को दूर करने के लिए कई महत्वपूर्ण शिक्षाएँ दीं।
बुद्ध ने चार आर्य सत्यों का उपदेश दिया—
- संसार दुखमय है।
- दुख का कारण तृष्णा है।
- तृष्णा का अंत करने से दुख समाप्त हो सकता है।
- अष्टांगिक मार्ग से दुखों का अंत संभव है।
अष्टांगिक मार्ग में सम्यक दृष्टि, सम्यक कर्म, सम्यक वाणी आदि शामिल हैं। बुद्ध ने अहिंसा, सत्य, दया और करुणा पर बल दिया।
उन्होंने जाति व्यवस्था और कर्मकांडों का विरोध किया। बुद्ध का मानना था कि मनुष्य अपने कर्म से महान बनता है, जन्म से नहीं। उनकी शिक्षाओं ने समाज में समानता और भाईचारे की भावना को बढ़ावा दिया।
प्रश्न 3. जैन धर्म की प्रमुख शिक्षाओं का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
जैन धर्म के 24वें तीर्थंकर महावीर थे। उन्होंने जैन धर्म का व्यापक प्रचार किया।
जैन धर्म की प्रमुख शिक्षाएँ निम्नलिखित हैं—
- अहिंसा – किसी भी जीव को हानि नहीं पहुँचाना।
- सत्य – हमेशा सत्य बोलना।
- अस्तेय – चोरी न करना।
- अपरिग्रह – आवश्यकता से अधिक वस्तुओं का संग्रह न करना।
- ब्रह्मचर्य – इंद्रियों पर नियंत्रण रखना।
महावीर ने सादा जीवन और आत्मसंयम पर बल दिया। जैन धर्म ने जाति भेद और हिंसा का विरोध किया। व्यापारिक वर्ग में यह धर्म अधिक लोकप्रिय हुआ।
जैन धर्म की शिक्षाएँ आज भी मानव जीवन के लिए अत्यंत उपयोगी मानी जाती हैं।
प्रश्न 4. अशोक के धम्म की विशेषताओं का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
मौर्य सम्राट अशोक ने कलिंग युद्ध के बाद बौद्ध धर्म अपनाया और धम्म की नीति का प्रचार किया।
अशोक के धम्म की प्रमुख विशेषताएँ थीं—
- सभी धर्मों का सम्मान।
- अहिंसा का पालन।
- माता-पिता और गुरुजनों का आदर।
- प्रजा के कल्याण पर बल।
- पशु बलि और हिंसा का विरोध।
- नैतिक जीवन जीने की शिक्षा।
अशोक ने अपने संदेशों को शिलालेखों और स्तंभ लेखों पर खुदवाया। उन्होंने धर्म प्रचार के लिए अधिकारियों की नियुक्ति की तथा विदेशों में भी बौद्ध धर्म का प्रचार कराया।
अशोक का धम्म मानवता, नैतिकता और शांति पर आधारित था।
प्रश्न 5. प्रारंभिक मंदिर स्थापत्य की विशेषताओं का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
प्राचीन भारत में मंदिर स्थापत्य कला का अत्यधिक विकास हुआ। प्रारंभिक मंदिर साधारण संरचना वाले होते थे। समय के साथ इनमें भव्यता आई।
मंदिर के मुख्य भाग निम्नलिखित थे—
- गर्भगृह – जहाँ देवता की मूर्ति स्थापित होती थी।
- मंडप – पूजा और सभा का स्थान।
- शिखर – मंदिर का ऊपरी भाग।
- प्रवेश द्वार – सुंदर नक्काशी से सजाया जाता था।
उत्तर भारत में नागर शैली तथा दक्षिण भारत में द्रविड़ शैली के मंदिर विकसित हुए। मंदिरों की दीवारों पर देवी-देवताओं, पशुओं तथा सामाजिक जीवन की सुंदर मूर्तियाँ बनाई जाती थीं।
मंदिर केवल पूजा स्थल नहीं बल्कि शिक्षा और संस्कृति के केंद्र भी थे।
प्रश्न 6. भक्ति आंदोलन का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
भक्ति आंदोलन मध्यकालीन भारत का महत्वपूर्ण धार्मिक आंदोलन था। इसका मुख्य उद्देश्य ईश्वर के प्रति प्रेम और भक्ति का प्रचार करना था।
भक्ति संतों ने जाति व्यवस्था और ऊँच-नीच का विरोध किया। उन्होंने कहा कि ईश्वर तक पहुँचने के लिए कर्मकांड आवश्यक नहीं हैं। सच्ची भक्ति और प्रेम ही सबसे बड़ा मार्ग है।
उत्तर भारत में कबीर, तुलसीदास तथा गुरु नानक जैसे संत प्रसिद्ध हुए। दक्षिण भारत में आलवार और नयनार संतों ने भक्ति का प्रचार किया।
भक्ति आंदोलन ने समाज में समानता, प्रेम और भाईचारे की भावना को मजबूत किया। इसका भारतीय समाज और संस्कृति पर गहरा प्रभाव पड़ा।
प्रश्न 7. बौद्ध संघ का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
बौद्ध संघ बौद्ध भिक्षुओं और भिक्षुणियों का संगठन था। इसकी स्थापना गौतम बुद्ध ने की थी।
संघ में सभी जातियों और वर्गों के लोगों को प्रवेश दिया जाता था। संघ के सदस्य सादा जीवन जीते थे तथा बुद्ध की शिक्षाओं का प्रचार करते थे।
भिक्षु गाँव-गाँव जाकर लोगों को धर्म का उपदेश देते थे। वर्षा ऋतु में वे विहारों में रहते थे। संघ के नियम विनय पिटक में वर्णित हैं।
बौद्ध संघ ने बौद्ध धर्म के प्रचार-प्रसार में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इसके कारण बौद्ध धर्म भारत के साथ-साथ विदेशों में भी फैला।
प्रश्न 8. अमरावती स्तूप की विशेषताओं का वर्णन कीजिए।
उत्तर:
अमरावती स्तूप आंध्र प्रदेश में स्थित प्रसिद्ध बौद्ध स्मारक है। इसका निर्माण लगभग दूसरी शताब्दी ईसा पूर्व में हुआ था।
यह स्तूप अपनी सुंदर मूर्तिकला और नक्काशी के लिए प्रसिद्ध है। इसकी दीवारों पर बुद्ध के जीवन तथा जातक कथाओं के दृश्य चित्रित किए गए हैं।
अमरावती स्तूप सफेद संगमरमर जैसी पत्थर की पट्टिकाओं से सजाया गया था। इसकी कला शैली को अमरावती कला शैली कहा जाता है।
यह स्तूप बौद्ध धर्म और भारतीय कला का महत्वपूर्ण उदाहरण है। इससे दक्षिण भारत में बौद्ध धर्म के विकास की जानकारी मिलती है।
प्रश्न 9. बौद्ध विहार क्या थे? वर्णन कीजिए।
उत्तर:
बौद्ध विहार भिक्षुओं के रहने के स्थान थे। ये बौद्ध शिक्षा और धर्म प्रचार के केंद्र भी थे।
विहारों में भिक्षु अध्ययन, ध्यान और धार्मिक कार्य करते थे। प्रारंभ में भिक्षु जंगलों में रहते थे, लेकिन बाद में स्थायी विहार बनाए गए।
विहारों में कई कमरे, सभा भवन तथा प्रार्थना स्थल होते थे। नालंदा और विक्रमशिला जैसे प्रसिद्ध शिक्षा केंद्र भी बौद्ध विहार थे।
विहारों ने शिक्षा, संस्कृति और बौद्ध धर्म के प्रचार में महत्वपूर्ण योगदान दिया।
प्रश्न 10. स्तूपों का महत्व बताइए।
उत्तर:
स्तूप बौद्ध धर्म के महत्वपूर्ण धार्मिक स्मारक थे। इनमें बुद्ध और अन्य महापुरुषों के अवशेष रखे जाते थे।
स्तूप श्रद्धा और पूजा के केंद्र थे। लोग स्तूप की परिक्रमा कर अपनी भक्ति व्यक्त करते थे। स्तूपों के माध्यम से बौद्ध धर्म का प्रचार हुआ।
साँची और अमरावती जैसे स्तूप भारतीय कला और स्थापत्य के उत्कृष्ट उदाहरण हैं। इन पर सुंदर मूर्तियाँ और नक्काशी बनाई गई हैं।
स्तूप हमें प्राचीन भारत की धार्मिक, सामाजिक और कलात्मक परंपराओं की जानकारी देते हैं। इसलिए उनका ऐतिहासिक महत्व अत्यंत अधिक है।
